आगरा
अगर आप रोजाना अरहर की दाल खाते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। उत्तर प्रदेश के आगरा में खाद्य सुरक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रतिबंधित खेसारी दाल का भंडाफोड़ किया है, जिसे अरहर की दाल बताकर बाजार में बेचा जा रहा था। टीम ने छापा मारकर करीब 2760 किलो नकली दाल बरामद की है। बताया जा रहा है कि यह दाल गांव और देहात क्षेत्रों में सस्ते दामों पर अरहर दाल के नाम से सप्लाई की जा रही थी।
गुप्त सूचना पर हुई कार्रवाई
पूरा मामला आगरा के कागारौल क्षेत्र स्थित नगला घुरेला गांव का है। खाद्य सुरक्षा विभाग को सूचना मिली थी कि इलाके में एक अवैध गोदाम में प्रतिबंधित खेसारी दाल को अरहर दाल बताकर बेचा जा रहा है। सूचना मिलते ही सहायक खाद्य आयुक्त महेंद्र श्रीवास्तव के नेतृत्व में टीम गठित की गई और गोदाम पर छापा मारा गया।
छापेमारी के दौरान गोदाम में भारी मात्रा में दाल के कट्टे मिले। जांच में पता चला कि यह खेसारी दाल थी, जिसे अरहर की दाल के रूप में पैक कर बाजार में बेचा जा रहा था। मौके से 92 कट्टे बरामद किए गए, जिनमें लगभग 2760 किलो दाल भरी हुई थी।
क्यों खतरनाक है खेसारी दाल?
खेसारी दाल को उत्तर प्रदेश में प्रतिबंधित किया गया है क्योंकि इसके लगातार सेवन से गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार अधिक मात्रा में खेसारी दाल खाने से नसों पर असर पड़ता है और शरीर के निचले हिस्से में लकवे जैसी समस्या तक हो सकती है।
इसी खतरे को देखते हुए राज्य सरकार ने इसकी बिक्री और भंडारण पर रोक लगा रखी है। इसके बावजूद मुनाफाखोरी के लिए कुछ लोग लोगों की जान से खिलवाड़ कर रहे हैं।
गांवों में फेरी लगाकर होती थी सप्लाई
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी फेरी लगाकर गांव और देहात क्षेत्रों में इस दाल की सप्लाई करते थे। कम कीमत होने के कारण लोग इसे अरहर दाल समझकर खरीद लेते थे। खाद्य विभाग अब पूरे नेटवर्क की जांच कर रहा है कि आखिर यह दाल कहां-कहां सप्लाई की गई।
गोदाम संचालक की पहचान फिरोजाबाद निवासी करीम खान के रूप में हुई है। फिलहाल विभाग ने दाल से भरे सभी कट्टों को सीज कर दिया है और मुकदमा दर्ज कराने की तैयारी की जा रही है।
विभाग ने लोगों से की अपील
खाद्य सुरक्षा विभाग ने लोगों से अपील की है कि सस्ती और बिना ब्रांड वाली दाल खरीदने से बचें। दाल खरीदते समय उसकी गुणवत्ता, रंग और पैकेजिंग की जांच जरूर करें। किसी भी संदिग्ध खाद्य पदार्थ की सूचना तुरंत प्रशासन को देने की सलाह दी गई है।
